जालंधर के इन मुस्लिम युवाओं की तलाश में जुटा प्रशासन.  दिल्ली तबलीगी जमात के मरकज में हुए थे शामिल . पुलिस मार सकती जालंधर की मस्जिदों और मुस्लिम कॉलोनी में छापा , अकरम आलम क्वारंटाइन  नीचे देखिये तस्वीरें

जालंधर के इन मुस्लिम युवाओं की तलाश में जुटा प्रशासन. दिल्ली तबलीगी जमात के मरकज में हुए थे शामिल . पुलिस मार सकती जालंधर की मस्जिदों और मुस्लिम कॉलोनी में छापा , अकरम आलम क्वारंटाइन नीचे देखिये तस्वीरें

अमन बग्गा .चीफ एडिटर PLN NEWS : Punjab Live News :(www.punjablivenews.in) : 09876410210

जालंधर ( अमन बग्गा ) दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात के मरकज में आयोजित एक कार्यक्रम ने देश में हड़कंप मचा दिया है। यह स्थान अब वायरस के प्रसार का केंद्र बन गया है। मरकज में कोरोना संक्रमितों के मिलने से पूरे देश में सनसनी मची हुई है। मरकज में शामिल 6 लोगों की तो तेलंगाना में मौत भी हो चुकी है। यहां से निकाले गए 24 लोग संक्रमित पाए गए हैं। 441 संदिग्धों को अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है !

वही इस के तार जालंधर से भी जुड़ने की खबर ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। 

इस मरकज से लौटे 3 लोग जालंधर से और कुल 9 लोग पंजाब से है। दिल्ली पुलिस से मरकज़ में भाग लेने वालों की सूची मिलने के बाद प्रशासन सतर्क हो गया है। 

पहला नाम : आफाक मोहम्मद अंडर ग्राउंड ? जालंधर की किसी मस्जिद में तो नही छुपा ?  अकरम आलम HOME क्वारंटाइन

PLN टीम द्वारा की गई पड़ताल के बाद यह जानकारी सामने आई है कि प्रशासन द्वारा जारी की सूची में पहला नाम आफाक मोहम्मद का है लेकिन सूची में दिए गए आफाक मोहम्मद के नम्बर को शंकर रोड नजदीक इजी डे नकोदर में रहने वााला अकरम आलम नाम का शख्स चला रहा है ।जो कि दिल्ली के मरकज में शामिल हुआ था । वही अकरम आलम को प्रशासन की तरफ से उसी के रूम में क्वारंटाइन कर दिया गया है।

वही SHO मेहतपुर लखबीर सिंह का कहना है कि शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि आफाक मोहम्मद के पिता की डेथ होने की वजह से वह बंगाल चला गया है।

अब यहां यह भी जांच करना बेहद जरुरी होगा कि क्या सच में अकरम आलम सच बोल रहा है कि वह ही लम्बे समय से आफाक मोहम्मद का नम्बर चला रहा है। कही ऐसा तो नही आफाक मोहम्मद को अंडर ग्राउंड करने के लिए अकरम आलम ने  साजिशन मनगढ़ंत कहानी बनाई हो। इस लिए प्रशासन को आफाक मोहम्मद तक भी पहुंचना और नम्बर की जांच करना बेहद जरूरी होगा। और बंगाल पुलिस से सम्पर्क कर यह कन्फर्म कर लेना जरूरी होगा कि क्या सच में आफाक मोहम्मद बंगाल में ही है या नही 

 2. मुस्तफा कमाल और 3. अनवर हुसेन दुबई या  जालंधर में ?

क्वारंटाइन किये गए अकरम आलम के मुताबिक यह दोनों दुबई चले गए है । हालांकि यह दोनों कही जालंधर में छुपे पड़े है या दुबई में है इस की पुलिस जांच के बाद ही पुष्टि होगी।

सूत्रों की बात करें तो इन की तलाश में प्रशासन की तरफ से जालंधर की मस्जिदों, मुस्लिम कॉलोनी और मुस्लिम बाहुल्य इलाको में जल्द ही छापे मारे जाने की आशंका है। 

क्यों कि यह सभी लोग कोरोना सक्रमण के संदिग्ध माने जा रहे है इस लिए इन सब का मिलना बेहद जरूरी है ! इन में से कोई एक भी कोरोना पॉजिटिव हुआ तो बहुत बड़ी मुसीबत पैदा हो सकती है !

चौथा साथी मुतरेज – चारों जालंधर से ट्रेन में गये थे दिल्ली

वही इन का चौथा साथी मोगा का बताया जा रहा है। अकरम आलम के मुताबिक यह चारों साथी तकरीबन 20 से 25 वर्ष की उम्र के है और 13 मार्च की रात को यह चारो जालंधर से ट्रेन से निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात के मरकज में जाने के लिए निकले थे और 14 की रात को अकरम आलम और मुतरेज दोनों ट्रेन से जालंधर वापिस आये थे। और अकरम आलम के मुताबिक मुस्तफा कमाल और अनवर हुसेन दुबई चले गए है।