बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, बेटा समझाओ और बुजुर्ग अपनाओ: प्रो. डॉ. अजय सरीन

बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, बेटा समझाओ और बुजुर्ग अपनाओ: प्रो. डॉ. अजय सरीन

जालंधर (अमन बग्गा): हंसराज महिला महाविद्यालय के रागिनी आडिटोरियम में विभिन्न कालेजों के छात्र-छात्राओं को स्कालरशिप देने हेतु मानव सहयोग सोसाइटी का 46वां समारोह सम्पन्न हुआ। समारोह में बतौर मुख्यातिथि प्राचार्या प्रो. डॉ. (श्रीमती) अजय सरीन जी उपस्थित थीं। सोसाइटी की ओर से डॉ. अजय सरीन का स्वागत किया गया। विशेष अतिथि के रूप में श्री पी.के. जैन व डॉ. एस.के. शर्मा उपस्थित थे।

मानव सहयोग सोसाइटी के सचिव श्री विनेश जैन ने उपस्थित गणों को सोसाइटी द्वारा शहर में चलाई जा रही 3 डिस्पैंसरियों व ग्रामीण क्षेत्र के लिए मोबाइल वैन डिस्पैंसरी की सुविधा के बारे में जानकारी दी। इसके अतिरिक्त उन्होंने समाज के गरीब वर्ग के लिए चलाई जा रही साक्षरता कक्षाओं व वोकेशनल ट्रेनिंग सेंटरों की भी जानकारी दी। उन्होंने सोसाइटी के नए प्रोजैक्ट जिओ जिंदगी – डे सेंटर फार सीनियर सिटीजन की भी जानकारी दी।

इस नए प्रोजेक्ट पर प्राचार्या प्रो. डॉ. (श्रीमती) अजय सरीन जी ने समाज के लिए एक प्रभावशाली स्लोगन ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, बेटा समझाओ और बुजुर्ग अपनाओ’ दिया तथा इस बात पर जोर दिया कि युवा वर्ग को सही मार्गदर्शन मिले तभी वह समाज के बुजुर्ग वर्ग की जिम्मेदारी निभा पाएंगे। युवा वर्ग तभी समझ पाएगा कि बुजुर्ग ही समाज के स्तम्भ हैं जिनकी बदौलत ही बेहतर राष्ट्र का निर्माण हो सकता है। आयोजकों द्वारा इसकी काफी प्रशंसा की गई।

डॉ. सरीन ने पुणे व बैंगलुरू का उदाहरण देते हुए बताया कि इन शहरों में युवा लडक़े व लड़कियां दिन के कुछ घंटे वृद्धाश्रम में बुजुर्ग लोगों के साथ बिताते हैं तथा बुजुर्ग भी उनके आने से पहले उनका पसंदीदा सामान खान-पान तैयार रखते हैं जैसे वह खुद के बच्चों के लिए करते थे। मानव सहयोग सोसाइटी के छात्रों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया। सोसाइटी के वोकेशनल सेंटर द्वारा तैयार की गई वस्तुओं का स्टाल भी लगाया गया था। इस अवसर पर 83 छात्र-छात्राओं को कुल 6.21 लाख की छात्रवृत्ति प्रदान की गई। इनमें से 15 छात्राएं एचएमवी की थीं। सोसाइटी की ओर से प्राचार्या प्रो. डॉ. (श्रीमती) अजय सरीन जी को व कॉलेज को विशेष रूप से सम्मानित भी किया गया।